Vaibhav Sooryavanshi Gets Scholarship Offer From IPL Founder – IPL 2026: वैभव सूर्यवंशी को ललित मोदी ने दी स्कॉलरशिप, युवा बल्लेबाज की शानदार पारी की तारीफ
आईपीएल का नया सितारा: वैभव सूर्यवंशी का उदय
आईपीएल 2026 का सत्र कई युवा प्रतिभाओं के लिए यादगर रहा है, लेकिन 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने जिस तरह का खेल दिखाया है, उसने क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया है। राजस्थान रॉयल्स के इस सलामी बल्लेबाज ने क्वालीफायर 2 में गुजरात टाइटन्स के खिलाफ 47 गेंदों में 96 रनों की तूफानी पारी खेलकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। यह इस सीजन में उनका छठा 50 से अधिक का स्कोर था, जिसने उन्हें टूर्नामेंट का सबसे खतरनाक बल्लेबाज साबित किया।
ललित मोदी का बड़ा ऐलान
वैभव की इस शानदार पारी के बाद, आईपीएल के संस्थापक ललित मोदी ने सोशल मीडिया पर उनकी जमकर तारीफ की। मोदी ने वैभव के 96 रनों को शतक से भी बड़ा करार दिया। उन्होंने लिखा कि वैभव भले ही चार रन से शतक से चूक गए हों, लेकिन उन्होंने एक पूरे राष्ट्र को यह दिखा दिया कि निडर युवा प्रतिभा कैसी होती है।
ललित मोदी ने न केवल उनकी बल्लेबाजी की सराहना की, बल्कि उनके भविष्य को सुरक्षित करने के लिए एक बड़ी पेशकश भी की। उन्होंने घोषणा की कि वे वैभव को दुनिया के किसी भी कॉलेज या विश्वविद्यालय में पूरी तरह से फंडेड शैक्षणिक स्कॉलरशिप देंगे। मोदी का मानना है कि खेल को केवल मनोरंजन नहीं बल्कि अवसर पैदा करना चाहिए, और वैभव जैसे प्रतिभाशाली खिलाड़ी को शिक्षा और महानता के बीच चुनाव नहीं करना चाहिए।
कीर्तिमानों का पहाड़
वैभव सूर्यवंशी के नाम आईपीएल 2026 में कई अनोखे रिकॉर्ड दर्ज हुए हैं। इस युवा खिलाड़ी ने महज 15 साल की उम्र में अपने दूसरे आईपीएल सत्र में ही इतिहास रच दिया। उन्होंने एलिमिनेटर मैच में सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ केवल 29 गेंदों में 97 रन बनाकर दर्शकों का दिल जीत लिया था।
उनके द्वारा लगाए गए 65 छक्कों ने उन्हें आईपीएल के एक सीजन में सबसे अधिक छक्के लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में शीर्ष पर ला खड़ा किया है, जिसने क्रिस गेल के पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इसके अलावा, क्वालीफायर 2 में उन्होंने सबसे कम गेंदों में 1,000 आईपीएल रन पूरे करने का कीर्तिमान भी अपने नाम किया।
राजस्थान रॉयल्स का सफर समाप्त
हालांकि वैभव सूर्यवंशी का व्यक्तिगत प्रदर्शन शानदार रहा, लेकिन राजस्थान रॉयल्स की टीम आईपीएल 2026 के फाइनल में जगह नहीं बना सकी। क्वालीफायर 2 में गुजरात टाइटन्स के खिलाफ 214 रनों का स्कोर बनाने के बावजूद, राजस्थान के गेंदबाज गुजरात की बल्लेबाजी को रोकने में नाकाम रहे। साई सुदर्शन और शुभमन गिल की शानदार बल्लेबाजी के सामने राजस्थान को हार का सामना करना पड़ा और टीम तीसरे स्थान पर रही। रियान पराग के नेतृत्व वाली राजस्थान रॉयल्स के लिए यह सत्र एक कड़वी याद के साथ समाप्त हुआ, लेकिन वैभव सूर्यवंशी के रूप में उन्हें भविष्य का एक सुपरस्टार मिल गया है जो आने वाले समय में विश्व क्रिकेट पर राज कर सकता है।
यह देखना दिलचस्प होगा कि वैभव का भविष्य कैसा रहता है और क्या वे अपनी पढ़ाई और क्रिकेट करियर के बीच एक सही संतुलन बना पाते हैं। ललित मोदी का समर्थन निश्चित रूप से उन्हें और अधिक ऊंचाइयों तक पहुंचने के लिए प्रेरित करेगा।