Ravichandran Ashwin admits he always wanted to play for RCB – IPL 2025: रविचंद्रन अश्विन ने आरसीबी के लिए खेलने की इच्छा जताई
अश्विन की पसंद: सीएसके के बाद कौन सी टीमें हैं पहली पसंद?
आईपीएल इतिहास के सबसे सफल और अनुभवी गेंदबाजों में से एक, रविचंद्रन अश्विन ने हाल ही में क्रिकेट जगत में एक नई बहस छेड़ दी है। आमतौर पर चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के कट्टर प्रशंसक यह मानते हैं कि कोई भी खिलाड़ी सीएसके छोड़कर आरसीबी या किसी अन्य टीम में नहीं जाना चाहेगा, लेकिन अश्विन के हालिया बयान ने इस धारणा को चुनौती दी है।
आईपीएल 2025 की मेगा-नीलामी के दौरान, जब अश्विन से उनके भविष्य के विकल्पों के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि चेन्नई सुपर किंग्स के बाद उनकी प्राथमिकता में दो टीमें प्रमुख रूप से थीं: राजस्थान रॉयल्स और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु।
अश्विन ने क्यों चुनी आरसीबी और राजस्थान रॉयल्स?
अश्विन ने अपने बयान में कहा, ‘अगर मैं चेन्नई के अलावा किसी और टीम में जाना चाहता, तो वह राजस्थान रॉयल्स या आरसीबी होती। अगर राजस्थान रॉयल्स ने मुझे मेगा-नीलामी में चेन्नई के बजाय चुना होता, तो मैं बहुत खुश होता। और अगर वे दोनों मुझे नहीं चुनते और आरसीबी मुझे मौका देती, तो भी मैं उतना ही खुश रहता।’
अश्विन के इस बयान के पीछे दो प्रमुख कारण हैं। पहला कारण उनका प्रदर्शन और यादें हैं, जो उन्होंने इन टीमों के साथ या इनके मैदानों पर खेलते हुए बनाई हैं। दूसरा, उन्होंने स्वीकार किया कि आरसीबी और राजस्थान रॉयल्स के दर्शकों से मिलने वाला प्रोत्साहन उन्हें हमेशा प्रेरित करता है।
आईपीएल का सफर और उपलब्धियां
रविचंद्रन अश्विन का आईपीएल करियर किसी सुनहरे अध्याय से कम नहीं रहा है। 2009 से 2025 के बीच 221 आईपीएल मैचों में 187 विकेट चटकाने वाले इस स्पिनर ने अपनी जादुई गेंदबाजी से न केवल सीएसके को, बल्कि दिल्ली कैपिटल्स और राजस्थान रॉयल्स को भी मजबूती दी है। हालांकि, उनके करियर का सबसे यादगार हिस्सा चेन्नई सुपर किंग्स के साथ रहा, जहाँ उन्होंने 2010 और 2011 में आईपीएल खिताब जीते।
प्रशंसकों के बीच छिड़ी बहस
अश्विन का यह बयान सीएसके और आरसीबी के प्रशंसकों के बीच अक्सर होने वाली तकरार के लिए एक बड़ा जवाब है। सीएसके के फैंस अक्सर गर्व से यह दावा करते हैं कि सीएसके के खिलाड़ी हमेशा चेन्नई के प्रति वफादार रहते हैं, लेकिन अश्विन का व्यावहारिक नजरिया यह दर्शाता है कि पेशेवर खिलाड़ी के रूप में, वे अन्य फ्रेंचाइजी की संस्कृति और वहां मिलने वाले प्यार का भी सम्मान करते हैं।
निष्कर्ष
रविचंद्रन अश्विन का यह बयान इस बात का प्रमाण है कि आईपीएल अब एक परिवार से बढ़कर एक पेशेवर लीग बन चुका है, जहां खिलाड़ी अपनी टीम के प्रति वफादार रहने के साथ-साथ अन्य फ्रेंचाइजी के प्रति भी सम्मान और लगाव रखते हैं। भले ही अश्विन का करियर सीएसके के साथ एक विशेष जुड़ाव रखता हो, लेकिन आरसीबी के लिए उनका सकारात्मक दृष्टिकोण यह बताता है कि वे खेल के प्रति कितने खुले और व्यावहारिक हैं।
आरसीबी के प्रशंसकों के लिए, यह सुनना निश्चित रूप से सुखद है कि एक महान खिलाड़ी जैसा कि अश्विन, उनकी टीम के लिए खेलने में गौरव महसूस करता। चाहे वह चेन्नई की पीली जर्सी हो या आरसीबी की लाल, अश्विन ने हमेशा अपने खेल से लाखों दिलों को जीता है।